Sunday, April 24, 2011

*



ये अलग बात है कि मै तुम्हे कुछ बता न सका !
छुपा  के   भी  मगर  तुमसे  कुछ छुपा न सका !!
पाल  रखी  है  दहशत  आशियाने  में  मैंने
क्यूँ  पीता हूँ  , ये  एहसास तुम्हे पिला न सका !!

        

No comments:

Post a Comment